साहूकारों के तकादे से तनाव में दसवीं के छात्र ने फांसी लगाकर दी जान, पिता को दे रहे थे धमकियां
खबर रफ़्तार, बिजनाैर : बिजनौर के शेरकोट में दसवीं कक्षा के छात्र आदित्य ने आत्महत्या कर ली। बताया गया कि उसके पिता लाखों के कर्ज में डूबे थे और साहूकारों के बार-बार तकादे से छात्र तनाव में था।
बिजनौर जनपद के शेरकोट में कर्ज की वजह से टूटते परिवारों की कहानियों में एक और दर्दनाक नाम जुड़ गया है। शेरकोट कस्बे के रहने वाले 10वीं कक्षा के छात्र आदित्य पुंडीर ने फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली।
शनिवार की सुबह जब आदित्य का शव फांसी पर लटका मिला, तो परिवार और मोहल्ले में शोक की लहर दौड़ गई। बताया गया कि छात्र के पिता संजय पुंडीर लकड़ी के ठेकेदार हैं और उन पर लाखों रुपये का कर्ज है।
कर्ज उतारने के लिए वे हरिद्वार में काम करने चले गए थे, लेकिन साहूकार और फाइनेंस कंपनियों के एजेंट लगातार घर आकर किशोर आदित्य पर ही दबाव बना रहे थे।
पिता का मकान बिक चुका, किराएदार बन गया परिवार
परिवार पहले खुद के तीन मंजिला मकान में रहता था, लेकिन कर्ज के चलते मकान बिक गया। अब उसी मकान में किराए पर रहने को मजबूर हैं।
किशोर आदित्य पर लगातार दबाव बना रहा था कि वह पिता से कर्ज चुकाने को कहे। बताया गया कि आए दिन कर्जदारों की डांट और धमकी ने उसे अंदर से तोड़ दिया।
तीसरे दिन तीसरी आत्महत्या
बिजनौर जिले में सिर्फ तीन दिन के अंदर तीन आत्महत्या की घटनाएं सामने आई हैं। पहले टंडरा गांव में मां और दो बेटियों ने जहर खाकर जान दी, फिर एक लकड़ी कारोबारी ने आत्महत्या की और अब एक छात्र ने अपनी जान गंवाई।
