Uttrakhand पुलिस में भर्ती कराने के नाम पर 40 हजार की ठगी, राजस्थान पुलिस का फर्जी दरोगा गिरफ्तार
स्वदेशी टाइम्स , रुद्रपुर : ऊधम सिंह नगर जिले के पुलभट्टा थाना क्षेत्र में उत्तराखंड पुलिस में भर्ती कराने के नाम पर धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। खुद को राजस्थान पुलिस में दरोगा बताकर एक युवती को उत्तराखंड पुलिस में भर्ती कराने का झांसा देने के आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपी पर युवती से 40 हजार रुपये लेने का आरोप है। पुलिस ने उसके कब्जे से राजस्थान पुलिस का कथित फर्जी पहचान पत्र, उत्तराखंड पुलिस के नाम से तैयार किए गए फर्जी भर्ती दस्तावेज और पुलिस की वर्दी बरामद की है।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान मोहम्मद जाहिद के रूप में हुई है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपी ने इसी तरह अन्य लोगों को भी ठगी का शिकार बनाया है या नहीं। साथ ही, उसके संभावित सहयोगियों और नेटवर्क की भी जांच की जा रही है।
युवती को पुलिस में भर्ती कराने का दिया झांसा
पुलिस के अनुसार, 17 अक्टूबर 2026 को आशा देवी पत्नी सुखबीर सिंह, निवासी किशनपुर, थाना नानकमत्ता ने पुलभट्टा थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में उन्होंने आरोप लगाया कि उनकी पुत्री तुलसी राणा को उत्तराखंड पुलिस में भर्ती कराने का झांसा देकर मोहम्मद जाहिद ने 40 हजार रुपये ठग लिए।
आरोप है कि आरोपी खुद को राजस्थान पुलिस में दरोगा बताता था। उसने युवती को भरोसा दिलाने के लिए उत्तराखंड पुलिस के नाम से भर्ती और प्रशिक्षण से जुड़े दस्तावेज भी दिए थे। इनमें कथित फर्जी एडमिट कार्ड, जॉइनिंग लेटर और पुलिस की एक जोड़ी वर्दी शामिल थी।
फर्जी पहचान पत्र और पुलिस की वर्दी बरामद
शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू की। पुलिस टीम ने कार्रवाई करते हुए 18 अक्टूबर को आरोपी मोहम्मद जाहिद को गिरफ्तार कर लिया।
आरोपी उत्तर प्रदेश के बरेली जिले के देवरनिया थाना क्षेत्र के शरीफ नगर का निवासी बताया गया है। पुलिस के मुताबिक, उसके पास से राजस्थान पुलिस का फर्जी पहचान पत्र, उत्तराखंड पुलिस के नाम से तैयार एडमिट कार्ड, कथित फर्जी जॉइनिंग लेटर और पुलिस की एक जोड़ी वर्दी बरामद की गई है।
पुलिस अब बरामद दस्तावेजों की जांच कर रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि इन्हें कहां और किस तरह तैयार किया गया था।
अन्य लोगों से भी ठगी की आशंका
आरोपी की गिरफ्तारी के बाद इस मामले में नए तथ्य सामने आने की संभावना जताई जा रही है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, आसपास के क्षेत्र के कुछ अन्य लोग भी शिकायत लेकर थाने पहुंच रहे हैं। ऐसे में पुलिस इस बात की पड़ताल कर रही है कि कहीं आरोपी ने उत्तराखंड पुलिस में भर्ती कराने का झांसा देकर अन्य लोगों से भी पैसे तो नहीं लिए।
जांच में आरोपी के संपर्कों, संभावित सहयोगियों और फर्जी भर्ती दस्तावेजों के स्रोत का पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है। पुलिस का कहना है कि मामले में अन्य लोगों की संलिप्तता सामने आने पर उनके खिलाफ भी नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
आरोपी को न्यायालय में पेश करने की तैयारी
एसपी सिटी प्रमोद कुमार के अनुसार, शिकायत मिलने के बाद मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई थी। मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर आरोपी को गिरफ्तार किया गया। उसके कब्जे से फर्जी दस्तावेज और पुलिस की वर्दी बरामद हुई है।
उन्होंने बताया कि आरोपी को न्यायालय के समक्ष पेश करने की कार्रवाई की जा रही है। पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही है और यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि आरोपी ने कितने लोगों को अपने जाल में फंसाया है।
पुलिस भर्ती के नाम पर ठगी से रहें सावधान
पुलिस भर्ती के नाम पर पैसे मांगने वाले लोगों से सावधान रहने की जरूरत है। भर्ती से संबंधित किसी भी सूचना, एडमिट कार्ड, जॉइनिंग लेटर या प्रशिक्षण दस्तावेज की पुष्टि संबंधित विभाग के आधिकारिक माध्यमों से करनी चाहिए। किसी व्यक्ति के पुलिस अधिकारी होने के दावे पर बिना सत्यापन भरोसा नहीं करना चाहिए।
फिलहाल, पुलिस मामले की जांच कर रही है। आरोपी पर लगे आरोपों की पुष्टि न्यायिक प्रक्रिया के तहत होगी।