Mussoorie में पर्यटकों की भारी भीड़ से लगा जाम, होटल चेकआउट टाइम में बदलाव की अपील
स्वदेशी टाइम्स, मसूरी : लंबे वीकेंड और छुट्टियों के चलते पहाड़ों की रानी मसूरी इन दिनों पर्यटकों से गुलजार है। बड़ी संख्या में पर्यटकों के पहुंचने से शहर की यातायात व्यवस्था प्रभावित हुई है। 2 अक्टूबर से ही मसूरी के प्रमुख चौक-चौराहों पर कई बार वाहनों की लंबी कतारें देखने को मिलीं।
मसूरी-देहरादून मार्ग पर भी कई जगह ट्रैफिक धीमा रहा। घंटों जाम में फंसे पर्यटकों के साथ स्थानीय लोगों को भी परेशानी का सामना करना पड़ा।
पहले से तैयारी न होने पर उठे सवाल
स्थानीय लोगों का कहना है कि पर्यटन सीजन और छुट्टियों के दौरान मसूरी में जाम की समस्या हर साल सामने आती है। इसके बावजूद यातायात व्यवस्था को लेकर पर्याप्त तैयारी नहीं की जाती।
स्थानीय निवासी अमित के मुताबिक, हर बार छुट्टियों और पर्यटन सीजन से पहले ट्रैफिक प्लान तैयार करने की बात होती है, लेकिन उसका असर जमीन पर नजर नहीं आता। उनका कहना है कि इस बार लंबा वीकेंड पहले से तय था, इसके बावजूद पुलिस और प्रशासन की ओर से समय रहते ठोस व्यवस्था नहीं की गई।
हाथीपांव रोड की ओर डायवर्ट किया गया ट्रैफिक
2 अक्टूबर को मसूरी में भारी जाम लगने के बाद पुलिस ने शहर में वाहनों का दबाव कम करने के लिए ट्रैफिक को मसूरी से करीब आठ किलोमीटर नीचे हाथीपांव रोड की तरफ डायवर्ट किया। हालांकि, वैकल्पिक मार्ग पर भी वाहनों का दबाव बढ़ने से लोगों को लंबे समय तक इंतजार करना पड़ा।
होटल चेकआउट टाइम अलग-अलग रखने की अपील
जाम की समस्या को देखते हुए होटल व्यवसायियों से भी यातायात व्यवस्था में सहयोग करने की अपील की गई है। रविवार को पर्यटकों की वापसी के दौरान एक साथ बड़ी संख्या में वाहन सड़क पर न आएं, इसके लिए अलग-अलग क्षेत्रों के होटलों में अलग-अलग चेकआउट टाइम रखने का सुझाव दिया गया है।
लैंडौर क्षेत्र के होटलों से सुबह 9 से 11 बजे के बीच चेकआउट रखने की अपील की गई है। वहीं, माल रोड और कैमल बैक रोड क्षेत्र के होटल सुबह 11 बजे से दोपहर 1 बजे तक चेकआउट का समय रखें।
इसके अलावा किताबघर और कैंपटी रोड क्षेत्र के होटल संचालकों से दोपहर 1 बजे के बाद पर्यटकों का चेकआउट रखने का प्रयास करने को कहा गया है।
एक साथ वाहनों की निकासी रोकने की कोशिश
इस व्यवस्था का मुख्य उद्देश्य पर्यटकों के वाहनों को एक साथ मसूरी से बाहर निकलने से रोकना और ट्रैफिक दबाव को अलग-अलग समय में बांटना है। इससे मसूरी शहर के साथ-साथ मसूरी-देहरादून मार्ग पर भी यातायात को नियंत्रित करने में मदद मिलने की उम्मीद है।