तेजस्वी यादव का नीतीश सरकार पर हमला, बिहार में लोकतंत्र नहीं बल्कि तंत्र-मंत्र की सरकार
स्वदेशी टाइम्स, पटना: बिहार के पूर्व उपमुख्यमंत्री और नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने अल्पसंख्यक अभिनंदन समारोह में राज्य की एनडीए सरकार पर तीखा हमला बोला। यह कार्यक्रम राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव के निर्देश पर आयोजित किया गया था। इस मौके पर तेजस्वी यादव ने बिहार की मौजूदा स्थिति को बेहद खराब बताते हुए कहा कि राज्य में विकास के बजाय सिर्फ सत्ता की राजनीति चल रही है।
विकास के दावों पर सवाल
तेजस्वी यादव ने शिक्षा, स्वास्थ्य और कानून-व्यवस्था की स्थिति पर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि बिहार में लॉ एंड ऑर्डर पूरी तरह से बिगड़ चुका है। उन्होंने व्यंग्य करते हुए कहा कि पहले सरकार पांच साल में बनती थी, लेकिन अब एक ही कार्यकाल में बार-बार सत्ता परिवर्तन हो रहा है, जो जनादेश नहीं बल्कि राजनीतिक जोड़-तोड़ का परिणाम है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि पिछले कुछ समय से कैबिनेट की बैठकें तक नहीं हुई हैं, जिससे सरकार की निष्क्रियता साफ दिखाई देती है।
अपराध और प्रशासन पर निशाना
बढ़ते अपराधों पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि राज्य में अपराध की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं, जिससे आम लोग असुरक्षित महसूस कर रहे हैं। उन्होंने स्वास्थ्य व्यवस्था की स्थिति पर भी सवाल उठाए और कहा कि अस्पतालों में बुनियादी सुविधाओं की कमी है। इसके साथ ही उन्होंने शिक्षकों की भर्ती परीक्षा (TRE-4) को लेकर भी सरकार पर सवाल उठाए।
नीतीश कुमार और राजनीतिक गठबंधन पर टिप्पणी
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर निशाना साधते हुए तेजस्वी यादव ने कहा कि वे दबाव और राजनीतिक परिस्थितियों के कारण गठबंधन में काम कर रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा ने सहयोगी दलों पर प्रभाव बनाकर सरकार बनाई है और यह गठबंधन जनता के वास्तविक जनादेश का प्रतिनिधित्व नहीं करता।
